भू माफिया और जमीन दलालों ने सरकारी जमीन को बेचा:100 रुपये के स्टांप पर करोड़ों की जमीन का सौदा,लक्ष्मण लहरें, सीताराम चौहान,राजू सिमोन और सूरज चौहान शामिल, क्षेत्रीय महिला पार्षद ने की कलेक्टर से शिकायत…
यूं तो सरकार के द्वारा सरकारी जमीन को सुरक्षित रखने के लिए तरह-तरह के जतन करने की कोशिश में लगे हैं। जिससे शासकीय जमीन सुरक्षित रहे और बेजा कब्जे से बचाया जा सके। लेकिन नगर निगम कोसाबाड़ी जोन के कुछ अधिकारियों और कर्मचारियों के भू माफियो के साथ आपसी साठगाँठ के चलते मकान बनने से पहले ही मकान टैक्स बना दिया जा रहा है। जिसके कारण शासकीय भूमि को बेचने का खुला खेल चल रहा है। खास बात यह है कि क्षेत्र की महिला पार्षद की शिकायत के बाद यह मामला सामने आया है।
छत्तीसगढ़ कोरबा / कोरबा में शासकीय बेशकीमती भूमि (जमीन) का प्लाट काट काट कर बेचने का बड़ा मामला सामने आया है।मानिकपुर स्थित वार्ड क्रमांक 30 डिपरापारा की शासकीय भूमि को भू माफिया और जमीन दलालों के द्वारा 70 से 01 लाख रुपये डिस्मिल में प्लाट काट काट कर बेचा जा रहा है।जिसमें अब तक करीब एक करोड़ रुपए की शासकीय जमीन को बेचने का मामला सामने आया है। इस शासकीय भूमि को बिक्री करने वालों में कांग्रेस के पूर्व पार्षद सीताराम चौहान, लक्ष्मण लहरें, सूरज चौहान और राजू सिमोन शामिल है।
दादर खुर्द ग्राम के महिला पार्षद सुनीता चौहान के द्वारा शासकीय भूमि पर अतिक्रमण करने से रोकने के लिये मौके पर जाकर उपरोक्त व्यक्तियों को मना करने पर पार्षद को ही मारने पीटने पर उतारू हो गए और गंदीगंदी गालियां देने लगे। जिस पर पार्षद ने वहाँ से निकलना ही मुनासिब समझा।
शासकीय भूमि को बेचने की शिकायत और कब्जा करने की शिकायत मंत्री लखन लाल देवांगन से लेकर कलेक्टर, एसडीएम, तहसीलदार, निगम आयुक्त,महापौर और क्षेत्रीय पुलिस चौकी में की गई है जिस पर अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। शिकायत पत्र में लिखा गया है कि कब्जा को तत्काल रोका जाए और कब्जे पर कार्रवाई कर कब्जा हटाया जाए। ताकि उक्त शासकीय भूमि पर शासकीय योजनाओं के तहत क्षेत्र के लोगों के लिए स्कूल या आंगनबाड़ी या सामुदायिक भवन का निर्माण कार्य कराया जाएगा। जिससे लोगों सरकारी योजनाओं का लाभ मिल सके।
और शासकीय भूमि को कब्जा कर बेचने वालों के ऊपर तत्काल एफआईआर दर्ज कर कड़ी कठोर कार्रवाई की जाए। ताकि भविष्य में शासकीय भूमि पर किसी प्रकार का कब्जा नहीं किया जा सके।



