मौलाना ने गर्भवती पत्नी को एसिड पिलाकर मारा, मौत से पहले की मारपीट, 518 KM दूर UP ले जाकर शव दफनाया,कब्र से मिला राज…

बिलासपुर में मौलाना ने अपनी गर्भवती पत्नी को एसिड पिलाकर मारा और फिर यूपी के मिर्जापुर में ले जाकर अपने पैतृक गांव में दफना दिया था. परिजनों की मांग पर 26 जुलाई को कब्र खोदकर शव निकाला गया और जांच की गई. जांच में एसिड से जलाने की पुष्टि हुई है.
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर से हैवानियन का मामला सामने आया है, जहां एक मौलाना ने अपनी गर्भवती पत्नी को एसिड पिलाकर मारा. पत्नी की मौत के बाद उसे पैतृक निवास मिर्जापुर (UP) ले जाकर दफना दिया था. यह पूरी घटना 12 जुलाई की है. 14 दिनों के बाद परिजनों की मांग पर 26 जुलाई को शव कब्र खोदकर बाहर निकाला गया था. जब जांच की गई तो एसिड से जलाने की पुष्टि हुई. मौलाना ने पत्नी को क्यों मारा इसके पीछे का कारण फिलहाल अज्ञात है. मृतका के परिजनों ने दूसरी महिला को लेकर पत्नी की हत्या करने का आरोप लगाया है.
3 डॉक्टरों ने किया पोस्टमार्टम
यह पूरा मामला सिविल लाइन थाना क्षेत्र का है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सलमा के साथ बेरहमी से मारपीट की भी पुष्टि हुई है. 26 जुलाई को रामपुर में कब्र खोदकर महिला का शव निकाला गया था, जिसके बाद तीन डॉक्टरों ने पोस्टमॉर्टम किया. जिसमें शरीर पर 4 जगहों पर चोट के निशान मिले हैं. पीएम के दौरान मौके पर मौजूद मृतका के भाई रागीब को डॉक्टरों ने बताया कि मुंह एसिड से जलाया गया है. डॉक्टरों ने मौत के कारणों की जांच के लिए बिसरा प्रिजर्व किया है.
एसिड से जलाया था मुंह
मृतक के भाई ने बताया कि सलमा के मुंह पर काले धब्बे थे. घर वाले उसे खून का धब्बा समझ रहे थे. लेकिन पोस्टमॉर्टम करने वाले डॉक्टरों ने उसे एसिड से जलना बताया है. इससे साफ है कि उसे इस तरह की कोई चीज पिलाई गई होगी.
अस्पताल प्रबंधन की शिकायत
इस मामले में यूनिटी अस्पताल के प्रबंधन के खिलाफ कलेक्टर से शिकायत की गई है. परिजनों ने कलेक्ट को बताया कि अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि महिला मानसिक रूप से बीमार थी, जिसका इलाज चल रहा था. साथ ही डॉक्टर ने यह भी बताया था कि मौत से पहले महिला के शरीर पर चोट या मारपीट के निशान नहीं थे. परिजनों ने कलेक्टर से मामले की जांच के बाद सख्त कार्रवाई की मांग की है.
बिलासपुर पुलिस नहीं पहुंची
इस मामले में पुलिस ने यूपी पुलिस को पत्र लिखकर शव का पोस्टमॉर्टम कराने को कहा था, जिसके आधार पर पीएम कराया गया है. लेकिन पोस्टमार्टम के 9 दिन बीतने के बाद भी पुलिस मामले को नजरअंदाज कर रही है. पुलिस की टीम अब तक रामपुर नहीं गई है. पुलिस का कहना है कि उत्तरप्रदेश से मर्ग डायरी और पीएम रिपोर्ट मिलने के बाद कार्रवाई की जाएगी
2012 में हुई थी शादी
थाना मिलक खानम की रहने वाली सलमा की शादी 2012 में थाना अजीमनगर के कारी बशीर अहमद से हुई थी. बशीर अहमद नागलिया के मजरा का रहने वाला है. शादी के बात पति नानपारा, बिलासपुर में एक मदरसे में बच्चों को पढ़ाता है. परिजनों का कहना है कि शादी के दो साल तक सब कुछ ठीक रहा. उसके बाद सलमा के साथ मारपीट होने लगी.
अब जानिए पूरा मामला
बिलासपुर के तालापारा में रहने वाला मौलाना कारी बशीर तैयबा 3 भाइयों के साथ मिलकर होटल चलाता है. परिजनों ने एसएसपी को बताया कि मौलाना का दूसरी महिला को लेकर पत्नी से 11 जुलाई को विवाद हुआ था. कारी बशीर ने भाईयों के साथ मिलकर गर्भवती पत्नी को बेहरमी से पीटा. गर्म प्रेस से उसे जलाया, पेट में लात मारी. 12 जुलाई को उसे जबरदस्ती टॉयलेट क्लीनर पिलाया और छोड़कर चला गया.



