LETEST
Blog

2 साल बाद मिला इंसाफ:  हत्या के दोषी सुदीप को कोर्ट ने सुनाई उम्र कैद की सजा, गणेश विसर्जन के दौरान हुआ था विवाद…

दो साल पहले गणेश विसर्जन के दौरान किया था हत्या,दूसरे की हत्या का प्रयास.

छत्तीसगढ़ कोरबा / ढोढ़ीपारा भैंसखटाल के पास गणेश विसर्जन के दौरान चाकू मारकर हरीश राव की हत्या व एक अन्य की हत्या का प्रयास के आरोपी को उम्रकैद हुई है। प्रकरण में शासन की तरफ से लोक अभियोजक राजेन्द्र साहू ने पैरवी की।लोक अभियोजक राजेन्द्र साहू ने बताया कि घटना दिनांक 28 सितम्बर 2023 को लगभग शाम के 6 बजे प्रार्थी राजकुमार राव के मोहल्ले में गणेश जी के विसर्जन के लिए सभी मोहल्ले के लोग बाजे-गाजे के साथ कोहड़िया फिल्टर प्लांट नहर की तरफ मूर्ति लेकर जा रहे थे। जब वे पीपरपारा कोहड़िया के स्कूल के सामने पहुंचे थे, उसी समय ढोढीपारा भैसखटाल मोहल्ले के भी लोग गणेश विसर्जन करने जा रहे थे। उनमें से एक लड़का मेन रोड के डिवाईडर के बीच में लगे पेड़-पौधों को उखाड़ रहा तब मोहल्ले के भूपेन्द्र गुप्ता एवं हरीश राव ने मना किया, तब सुदीप चौहान उर्फ दऊ ने एक धारदार चाकू लेकर भूपेन्द्र गुप्ता को जान से मार देने की नीयत से गर्दन पर हमला कर दिया तथा उसके अन्य कई साथी भी लड़ाई-झगड़ा मारपीट करने लगे। उसके बाद लड़के ने चाकू से हरीश राव के सीने में प्राणघातक हमला कर दिया, जिससे हरीश राव की मौके पर मौत हो गई। भूपेन्द्र गुप्ता को गले के पास चोट आयी और यदि वह वहां से नहीं जाता, तो उसे जान से मार देते।
सीएसईबी चौकी पुलिस ने अपराध दर्ज कर विवेचना बाद प्रकरण विचारण के लिए न्यायालय में प्रस्तुत किया।

सत्र न्यायाधीध एस. शर्मा ने विचार करने के पश्चात् दण्डादेश पारित किया। समस्त स्थितियों पर विचारोपरांत आरोपी सुदीप चौहान को धारा 302 भा.दं.वि. में आजीवन कारावास एवं 1,000/-रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया है। अर्थदंड अदा न करने की दशा में अभियुक्त को एक वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगताया जावेगा। इसी प्रकार धारा 307 भा.द.वि. अपराध में सात वर्ष के कठोर कारावास से और 2000/- रूपये के अर्थदंड से दंडित किया गया है। अर्थदंड अदा न करने की दशा में अभियुक्त को एक वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगताया जावेगा। धारा 25 आयुध अधिनियम में अभियुक्त को एक वर्ष के कठोर कारावास से और 1000/- रूपये अर्थदंड से, अर्थदंड अदा न करने की दशा में अभियुक्त को दो माह का अतिरिक्त कारावास,धारा 27 आयुध अधिनियम में तीन वर्ष के कठोर कारावास और 2000/- रूपये अर्थदंड,अर्थदंड अदा न करने की दशा में अभियुक्त को तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगताया जावेगा। सभी सजाएँ एक साथ भुगताई जावेगी।
पीड़ित पिता को प्रतिकर दिलाने का भी आदेश
सत्र न्यायाधीश ने आदेश में यह भी कहा है कि-इस प्रकरण के प्रभावित पक्ष के रूप में मृतक के पिता राजकुमार राव रहे हैं जो आटो चालक हैं, वह निम्न मध्यवर्गीय परिवार से संबंध रखता है। पुत्र की मृत्यु होने पर उसके परिवार के आर्थिक स्थिति पर विपरीत प्रभाव पड़ा है इसलिए उसे प्रतिकर दिलाया जाना उचित होगा। इसी प्रकार आहत भूपेन्द्र को भी प्रतिकर दिलाया जाना उचित होगा। अतः जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोरबा को निर्देशित किया गया है कि वह उचित जांच के उपरांत उक्त दोनों प्रभावितों को प्रतिकर दिलाया जाना सुनिश्चित करें।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

You cannot copy content of this page