सजग कोरबा – सतर्क कोरबा” अभियान के तहत 18 घंटे में ज्वेलरी चोरी का खुलासा, अंतर्राज्यीय गिरोह गिरफ्तार…

तीन महिला सहित 5 आरोपी गिरफ्तार, 3 महिलाएं जाकर बनाती थी ज्वेलरी की दुकान को निशाना.
कोरबा पुलिस द्वारा त्वरित एवं प्रभावी कार्यवाही करते हुए ज्वेलरी दुकान में हुई चोरी की घटना का महज 18 घंटे के भीतर खुलासा कर अंतर्राज्यीय गिरोह के 05 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
प्रार्थी अखिल कुमार देवांगन निवासी एमपीटी नगर, थाना सिविल लाइन रामपुर द्वारा रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी कि दिनांक 24.04.2026 को लगभग 12:15 बजे उसकी “दिव्या ज्वेलर्स” दुकान में तीन महिलाएं ग्राहक बनकर आईं और मौका पाकर सोने के आभूषण चोरी कर फरार हो गईं।
त्वरित पुलिस कार्यवाही –
घटना के बाद तत्काल टीम गठित कर सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्य एवं मुखबिर सूचना के आधार पर कार्यवाही की गई। शहर के व्यापारिक प्रतिष्ठानों में लगे सीसीटीवी कैमरों से प्राप्त फुटेज एवं जिला ऑटो संघ के सहयोग से महत्वपूर्ण सुराग प्राप्त हुए, जिसके आधार पर आरोपियों को उड़ीसा के संबलपुर से गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार आरोपीगण –
1. नासिर मोल्ला पिता नज़रुल इस्लाम, उम्र 41 वर्ष, निवासी नवापल्ली, बारासत, जिला नॉर्थ 24 परगना, पश्चिम बंगाल
2. सजना बीबी पति नासिर मोल्ला, उम्र 40 वर्ष, निवासी सेकंड नवापल्ली, बारासत, जिला नॉर्थ 24 परगना, पश्चिम बंगाल
3. मिथुन चक्रवर्ती पिता मिलन चक्रवर्ती, उम्र 38 वर्ष, निवासी रामचंद्रपुर, थाना निहती, जिला नॉर्थ 24 परगना, पश्चिम बंगाल
4. तापसी दास पति चंचल घोष, उम्र 38 वर्ष, निवासी बारासत, जिला नॉर्थ 24 परगना, पश्चिम बंगाल
5. गुलापी दास पति सुजीत दास, उम्र 55 वर्ष, निवासी सेकंड बेरा चांपा, थाना देगंगा, जिला उत्तर 24 परगना, पश्चिम बंगाल
रिकवरी एवं जप्ती –

1. चोरी गए दो सोने की चेन एवं एक सोने का लॉकेट सहित कुल लगभग 4,50,000/- (साढ़े चार लाख रुपये) मूल्य की ज्वेलरी की बरामदगी की गई।
2. घटना में प्रयुक्त कार XUV300 को जप्त किया गया है।
अपराध का तरीका –
आरोपीगण द्वारा सुनियोजित तरीके से गिरोह बनाकर वारदात को अंजाम दिया जाता था। गिरोह की महिलाएं ग्राहक बनकर ज्वेलरी दुकान में प्रवेश करती थीं और आभूषण देखने के दौरान दुकानदार/कर्मचारियों का ध्यान भटकाती थीं, जबकि उनके साथी मौके का फायदा उठाकर आभूषण चुपचाप अपने कब्जे में लेकर निकल जाते थे।वारदात के तुरंत बाद आरोपीगण वाहन से तेजी से स्थान बदलकर दूसरे शहर/राज्य की ओर निकल जाते थे, जिससे उनकी पहचान एवं गिरफ्तारी कठिन हो सके।
अन्य खुलासे –
पूछताछ में यह तथ्य सामने आया है कि ये गिरोह पश्चिम बंगाल के राणाघाट, मालदा एवं सिलीगुड़ी क्षेत्र में भी इसी प्रकार की वारदातें कर चुका है तथा छत्तीसगढ़ के अन्य बड़े शहर इनके टारगेट में थे। अन्य मामलों में पूछताछ जारी है।
कानूनी कार्यवाही –
प्रकरण में आरोपियों के विरुद्ध धारा 305(A) भारतीय न्याय संहिता के तहत अपराध पंजीबद्ध कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है।
आभार –
कोरबा पुलिस शहर के सभी व्यापारिक प्रतिष्ठानों का आभार व्यक्त करती है, जिनके द्वारा लगाए गए सीसीटीवी कैमरों से महत्वपूर्ण सहायता प्राप्त हुई। साथ ही जिला ऑटो संघ के सहयोग के लिए भी धन्यवाद ज्ञापित किया जाता है।
पुलिस की अपील –
कोरबा पुलिस सभी व्यापारियों एवं आम नागरिकों से अपील करती है कि अपने प्रतिष्ठानों एवं आसपास के क्षेत्रों में अनिवार्य रूप से सीसीटीवी कैमरे लगाएं एवं उन्हें चालू स्थिति में रखें, साथ ही किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें।
कोरबा पुलिस द्वारा अपराधियों के विरुद्ध सख्त कार्यवाही लगातार जारी रहेगी।



