घर की अलमारी और लॉकर का ताला तोड़कर लाखों के जेवरात पर किया था हाथ साफ, वारदात में इस्तेमाल बुलेट भी जब्त
बिलासपुर। सकरी थाना पुलिस ने चोरी के एक मामले का खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे और उनकी निशानदेही पर चोरी किए गए सोने-चांदी के जेवरात एवं नकदी समेत करीब 6 लाख रुपये का माल बरामद किया है। पुलिस ने वारदात में प्रयुक्त बुलेट मोटरसाइकिल क्रमांक CG 10 AZ 5100 को भी जब्त किया है। गिरफ्तार तीनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
घर बंद कर रीवा गई थी महिला, लौटने पर सामने आई चोरी
पुलिस के मुताबिक सागरदीप कॉलोनी, उसलापुर निवासी वृंदावती मिश्रा तीजा के अवसर पर अपने पैतृक गांव रीवा गई थीं। इसी दौरान उनके घर में चोरी की वारदात हुई। परिजनों से घर के कमरे और अलमारी के लॉकर का ताला टूटे होने की जानकारी मिलने के बाद वह वापस बिलासपुर पहुंचीं।
घर की जांच करने पर अलमारी से सोने का हार, झुमका, माथा टीका, लेडीज अंगूठियां, जेंट्स अंगूठी, चांदी की पायल, पायजेब, बिछिया और 12 हजार रुपये नकद गायब मिले। चोरी गए सामान की कुल कीमत करीब 6 लाख 15 हजार रुपये बताई गई।
मामले की शिकायत पर सकरी पुलिस ने अपराध क्रमांक 919/2026, धारा 331(4), 305(ए), 317(2), 3(5) बीएनएस के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की।
संदेहियों से पूछताछ में खुला चोरी का राज
वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर सकरी थाना पुलिस ने मामले की जांच के लिए टीम गठित की। पुलिस ने संदेह के आधार पर आशीष मिश्रा, सूरज सिंह ठाकुर उर्फ मोना और अनुराग चौधरी उर्फ लालू से पूछताछ की।
पुलिस के अनुसार पूछताछ के शुरुआती दौर में आरोपियों ने पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किया, लेकिन सख्ती से पूछताछ करने पर उन्होंने चोरी की वारदात में शामिल होना स्वीकार किया।
आरोपियों के मेमोरेंडम के आधार पर पुलिस ने सोने का हार, अंगूठियां, झुमके एवं नकदी समेत करीब 6 लाख रुपये का सामान बरामद किया। इसके साथ ही घटना में प्रयुक्त बुलेट मोटरसाइकिल को भी जब्त किया गया।
तीनों आरोपी न्यायिक रिमांड पर
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सूरज सिंह ठाकुर उर्फ मोना (27), निवासी खोजी, थाना सिविल लाइन, बिलासपुर; आशीष मिश्रा (31), निवासी सागरदीप कॉलोनी, उसलापुर; और अनुराग चौधरी उर्फ लालू (23), निवासी गीता पैलेस के पास, उसलापुर के रूप में हुई है।
पुलिस ने तीनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
इनकी रही महत्वपूर्ण भूमिका
पूरी कार्रवाई में निरीक्षक संजय सिंदे, उप निरीक्षक गणेश राम महिलांगे, प्रधान आरक्षक टीकाराम निषाद, सहायक उप निरीक्षक सुरेंद्र तिवारी, आरक्षक रामचंद कश्यप, पवन बंजारे, सुनील सूर्यवंशी और रूपेश कौशिक की महत्वपूर्ण भूमिका रही।



